देहरादून। मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG को लेकर उत्तराखंड में प्रशासन और पुलिस पूरी तरह सतर्क नजर आ रहे हैं। पिछले वर्ष पेपर लीक विवाद के बाद इस बार परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि परीक्षा के संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के अनुसार परीक्षा रविवार को दोपहर 2 बजे से शाम 5:15 बजे तक आयोजित की जाएगी। इस बार अभ्यर्थियों को कुल 195 मिनट का समय दिया जाएगा। राज्य सरकार ने परीक्षा में शामिल होने वाले विद्यार्थियों की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम किए हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि परीक्षा की गोपनीयता, सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को परीक्षा केंद्रों पर मजबूत सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और अभ्यर्थियों को हर संभव सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।

छात्रों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने NEET परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए उत्तराखंड परिवहन निगम की बसों में निशुल्क यात्रा की व्यवस्था भी की है। सरकार का मानना है कि इससे दूर-दराज के क्षेत्रों से आने वाले छात्रों को राहत मिलेगी और वे बिना किसी परेशानी के परीक्षा केंद्र तक पहुंच सकेंगे।

देहरादून में परीक्षा के लिए 16 केंद्र बनाए गए हैं, जिन्हें दो सिटी कोऑर्डिनेटर के अधीन संचालित किया जाएगा। इन केंद्रों पर करीब 6,800 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। वहीं पूरे राज्य में 10 जिलों के 53 परीक्षा केंद्रों पर 21 हजार से अधिक परीक्षार्थी शामिल होंगे।

प्रशासन ने सभी परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण कर आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दे दिया है। केंद्रों पर साफ-सफाई, पेयजल, बैठने की व्यवस्था और अन्य मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं। परीक्षा संचालन से जुड़े अधिकारियों और कर्मचारियों को भी आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।

देहरादून के जिलाधिकारी आशीष चौहान ने बताया कि परीक्षा को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है। अभ्यर्थियों के प्रवेश, सुरक्षा और बैठने की व्यवस्था को लेकर विशेष निगरानी रखी जाएगी।

वहीं सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा और सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से लगातार निगरानी की जाएगी। परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए विशेष निगरानी टीमों का गठन किया गया है, जो परीक्षा शुरू होने से पहले और समाप्त होने तक हर गतिविधि पर नजर रखेंगी।

इसके अलावा संवेदनशील केंद्रों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया जाएगा। पुलिसकर्मियों को परीक्षा ड्यूटी के लिए विशेष ब्रीफिंग दी गई है और किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए हैं।

परीक्षा को लेकर छात्रों में भी उत्साह और उम्मीद दिखाई दे रही है। पिछले वर्ष परीक्षा रद्द होने से प्रभावित हुए कई अभ्यर्थी इस बार बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद के साथ परीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं। वहीं शिक्षकों का मानना है कि दोबारा परीक्षा आयोजित होने से छात्रों को अपनी प्रतिभा साबित करने का एक और अवसर मिला है।

अधिकारियों का कहना है कि सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और परीक्षा को निष्पक्ष, पारदर्शी तथा व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए हर स्तर पर निगरानी रखी जाएगी।

By

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *