हरिद्वार: उत्तराखंड के हरिद्वार जिले के पिरान कलियर थाना क्षेत्र में चार बेटियों की मां की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। मृतका के मायके पक्ष की शिकायत पर पति, सास, ससुर और देवर के खिलाफ हत्या समेत अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मामले की जांच तेज कर दी है और सभी पहलुओं की गहनता से पड़ताल की जा रही है।

संदिग्ध हालात में हुई थी महिला की मौत
पुलिस के अनुसार, 18 जुलाई को पिरान कलियर थाना क्षेत्र में रहने वाली नीलू सैनी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। शुरुआती जांच के बाद अब मृतका के पिता की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
पिता ने लगाए दहेज प्रताड़ना और हत्या के आरोप
मृतका के पिता का आरोप है कि उन्होंने वर्ष 2015 में अपनी बेटी की शादी पूरे रीति-रिवाज और अपनी क्षमता से अधिक दान-दहेज देकर की थी। इसके बावजूद ससुराल पक्ष दहेज से संतुष्ट नहीं था और आए दिन बेटी के साथ मारपीट और मानसिक उत्पीड़न करता था।
शिकायत में कहा गया है कि पति, सास, ससुर और देवर छोटी-छोटी बातों पर नीलू के साथ अभद्रता और मारपीट करते थे। चौथी बेटी के जन्म के बाद कथित तौर पर प्रताड़ना और बढ़ गई। हालात बिगड़ने पर परिजन उसे अपने घर ले आए और उसका इलाज भी कराया।
समझौते के बाद भी नहीं बदले हालात
परिजनों के मुताबिक, समाज के लोगों के हस्तक्षेप से दोनों परिवारों के बीच समझौता हुआ, जिसके बाद नीलू दोबारा अपने ससुराल चली गई। लेकिन वहां भी कथित रूप से उसके साथ मारपीट और प्रताड़ना का सिलसिला जारी रहा।
अज्ञात कॉल के बाद पहुंचा परिवार, जमीन पर मिला शव
मृतका के पिता ने बताया कि 18 जुलाई को एक अज्ञात नंबर से फोन कर उनकी बेटी की तबीयत खराब होने की सूचना दी गई। जब परिवार मौके पर पहुंचा तो नीलू का शव घर में जमीन पर पड़ा मिला। परिजनों का आरोप है कि उसके शरीर पर चोटों के निशान थे और ससुराल पक्ष ने पहले मारपीट की, फिर जहर देकर उसकी हत्या कर दी।
पुलिस बोली- हर पहलू की हो रही जांच
पिरान कलियर कोतवाली प्रभारी निरीक्षक कमल मोहन भंडारी ने बताया कि मृतका के पिता की शिकायत के आधार पर पति, सास, ससुर और देवर के खिलाफ हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
उन्होंने कहा कि पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध तथ्यों के आधार पर मामले की निष्पक्ष जांच कर रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
