देहरादून/हरिद्वार: अंकिता भंडारी मामले को लेकर देहरादून में हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान सोशल मीडिया पर वायरल हुए एक वीडियो को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने स्थिति स्पष्ट की है। खुद को भाजपा की मंडल अध्यक्ष बताकर सरकार और पार्टी के खिलाफ बयान देने वाली महिला मधु नौटियाल को भाजपा ने अपना सदस्य मानने से इनकार कर दिया है। पार्टी ने पूरे मामले को कांग्रेस प्रायोजित दुष्प्रचार करार दिया है।

भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारियों का कहना है कि वायरल वीडियो में दिखाई दे रही महिला न तो कभी भाजपा की पदाधिकारी रही है और न ही पार्टी की सक्रिय सदस्य है। भाजपा ने आरोप लगाया कि इस वीडियो के जरिए जनता को गुमराह करने की कोशिश की जा रही है।
रविवार को राजधानी देहरादून में अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर बड़ा विरोध प्रदर्शन हुआ था, जिसमें विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों के लोग शामिल हुए थे। इसी दौरान सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ, जिसमें एक महिला ने अपना नाम मधु नौटियाल बताते हुए दावा किया कि वह हरिद्वार से आई भाजपा मंडल अध्यक्ष है और न्याय न मिलने के चलते भाजपा से इस्तीफा देने का फैसला कर चुकी है। वीडियो में महिला ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप भी लगाए थे।
वीडियो के वायरल होते ही राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई। इसके बाद भाजपा ने आधिकारिक बयान जारी कर महिला के पार्टी से किसी भी प्रकार के संबंध से इनकार किया।
उत्तराखंड भाजपा के प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान ने कहा कि वायरल वीडियो में दिख रही महिला का भारतीय जनता पार्टी से दूर-दूर तक कोई संबंध नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल कांग्रेस सुनियोजित तरीके से फर्जी नैरेटिव गढ़कर इस संवेदनशील मामले का राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता और राज्य की जनता सच्चाई को समझ रही है।
भाजपा के वरिष्ठ नेता नरेश बंसल ने कहा कि इस मामले में लोगों की भावनाएं जुड़ी हुई हैं, लेकिन जिस तरह से तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश किया जा रहा है, उससे सच्चाई सामने लाना जरूरी हो जाता है। उन्होंने भरोसा जताया कि दुष्प्रचार का जल्द ही पर्दाफाश होगा।
वहीं, हरिद्वार भाजपा जिलाध्यक्ष आशुतोष शर्मा ने भी स्पष्ट किया कि मधु नौटियाल कभी भाजपा की पदाधिकारी नहीं रही हैं और फिलहाल पार्टी की सदस्य भी नहीं हैं। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह झूठे दावों के सहारे फेक नैरेटिव फैलाकर जनता को भ्रमित करने का प्रयास कर रही है।
