कुल्लू/मनाली: हिमाचल प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थल मनाली में झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पोते वीर सोरेन की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। उनका शव सिमसा स्थित एक होम स्टे के कमरे से बरामद हुआ। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है।

22 फरवरी को दोस्तों संग पहुंचे थे
पुलिस के अनुसार, वीर सोरेन 22 फरवरी को अपने दो दोस्तों के साथ मनाली आए थे। तीनों सिमसा क्षेत्र के एक होम स्टे में ठहरे हुए थे। 23 फरवरी को वे सोलंग और सेथन इलाके में घूमने गए और शाम को वापस लौट आए।
24 फरवरी की सुबह उनके दोस्त घूमने के लिए निकले, लेकिन वीर सोरेन कमरे में ही रुके रहे। दोपहर करीब 12:30 बजे जब दोस्त लौटे तो वह सो रहे थे। जगाने पर उन्होंने तेज सिरदर्द की शिकायत की। साथियों ने दवा मंगवाकर दी, जिसके बाद वह फिर से सो गए।
गिरने की आवाज के बाद अस्पताल ले जाया गया
करीब दोपहर 2 बजे कमरे से किसी के गिरने की आवाज आई। दोस्त जब अंदर पहुंचे तो वीर सोरेन बिस्तर से नीचे गिरे हुए मिले। उन्हें तत्काल सिविल अस्पताल मनाली ले जाया गया। रास्ते में उनके मुंह से झाग निकलने की बात सामने आई है।
अस्पताल में डॉक्टरों ने सीपीआर सहित अन्य जरूरी उपचार किए, लेकिन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
बाहरी चोट के निशान नहीं, हर पहलू से जांच
अस्पताल से सूचना मिलने पर मनाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर कानूनी प्रक्रिया शुरू की। प्रारंभिक जांच में शरीर पर किसी भी प्रकार के बाहरी चोट के निशान नहीं मिले हैं।
मनाली के डीएसपी केडी शर्मा ने बताया कि मौत के कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा।
घटना की सूचना मिलने पर चंपई सोरेन और परिवार के अन्य सदस्य मनाली पहुंच चुके हैं। फिलहाल पुलिस पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रही है, ताकि मौत की वास्तविक वजह सामने आ सके।
